
मिर्जापुर। दि बुद्धिस्ट सोसाइटी ऑफ इंडिया (भारतीय बौद्ध महासभा) के तत्वावधान में वर्षावास कार्यक्रम के अंतर्गत आगामी 15 अक्टूबर 2026 को जनपद मिर्जापुर के ग्राम जफराबाद (विकसी) में विशेष धम्म कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। कार्यक्रम में कर्मवीर दादासाहेब गायकवाड़ जयंती एवं जागतिक अंध दिवस के अवसर पर ‘कालाम सुत्त अर्थात मानव मुक्ति का जाहीरनामा’ विषय पर चर्चा और धम्म देशना होगी।
संस्था के संस्थापक बोधिसत्व बाबा साहब डॉ. भीमराव आंबेडकर तथा राष्ट्रीय कार्याध्यक्ष डॉ. भीमराव यशवंत राव आंबेडकर के मार्गदर्शन में केंद्रीय कमेटी के निर्देशानुसार आयोजित इस कार्यक्रम का नेतृत्व भन्ते विनय दत्त करेंगे। भन्ते विनय दत्त भारतीय बौद्ध महासभा के राष्ट्रीय सचिव, भिक्खु संघ, चैत्यभूमि दादर, मुंबई से जुड़े हैं। उनका निवास प्रज्ञाबुद्ध विहार, ग्राम करहट, नरायनपुर, जिला मिर्जापुर में है।
कार्यक्रम में भन्ते विनय दत्त प्रातः 11:30 बजे त्रिशरण एवं पंचशील के साथ धम्म देशना देंगे। प्रवचनकार के रूप में डॉ. रामदुलार बौद्ध, प्रांतीय कार्यालय सचिव, उत्तर प्रदेश पूर्वांचल, अपने विचार प्रस्तुत करेंगे। कार्यक्रम की अध्यक्षता वाराणसी के अध्यक्ष संघप्रिय बंशराज बौद्ध करेंगे।
आयोजन की व्यवस्था राजकुमार प्रधान एवं विनोद कुमार के जिम्मे रहेगी।
कालाम सुत्त के संदेश पर होगा मंथन
कार्यक्रम का प्रमुख विषय ‘कालाम सुत्त अर्थात मानव मुक्ति का जाहीरनामा’ है। भगवान बुद्ध की शिक्षाओं में कालाम सुत्त विवेकपूर्ण चिंतन, तर्क, अनुभव और परीक्षण के आधार पर किसी विचार को स्वीकार करने की प्रेरणा देता है। इसका संदेश है कि किसी बात को केवल परंपरा, सुनी-सुनाई मान्यता या किसी के प्रभाव में आकर स्वीकार करने के बजाय उसकी सत्यता और उपयोगिता को समझना चाहिए।
दादासाहेब गायकवाड़ के सामाजिक न्याय और समानता से जुड़े योगदान के संदर्भ में यह आयोजन बौद्ध विचारधारा, मानवीय स्वतंत्रता, सामाजिक जागरूकता और समतामूलक समाज के निर्माण के संदेश को आगे बढ़ाने का अवसर बनेगा।
आयोजकों ने धम्म एवं सामाजिक परिवर्तन में रुचि रखने वाले लोगों से कार्यक्रम में शामिल होकर भगवान बुद्ध की शिक्षाओं को समझने और उनके संदेश को जन-जन तक पहुंचाने की अपील की है।



