वर्धमान कॉलेज में दीक्षारंभ कार्यक्रम, नवप्रवेशित विद्यार्थियों को दी शैक्षणिक एवं अनुशासन की जानकारी
दो सत्रों में आयोजित कार्यक्रम में विद्यार्थियों को महाविद्यालय की शैक्षणिक व्यवस्था, एनसीसी, एनएसएस, रोवर्स-रेंजर्स, खेल एवं सांस्कृतिक गतिविधियों से कराया गया परिचित


बिजनौर। वर्धमान कॉलेज, बिजनौर में पूर्व वर्षों की भांति इस वर्ष भी नवप्रवेशित विद्यार्थियों के मार्गदर्शन के लिए दीक्षारंभ (ओरिएंटेशन) कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के माध्यम से विद्यार्थियों को महाविद्यालय की शैक्षणिक व्यवस्था, विभिन्न विभागों, अनुशासन तथा सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों की जानकारी दी गई। कार्यक्रम दो सत्रों में आयोजित हुआ।
मां सरस्वती के पूजन से हुआ कार्यक्रम का शुभारंभ

प्रथम सत्र का शुभारंभ मां सरस्वती की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्वलित एवं पुष्पांजलि अर्पित कर किया गया। पंडित जी ने सरस्वती पूजन से संबंधित मंत्रोच्चार कर विद्यार्थियों को विद्या के प्रति समर्पित रहने की प्रेरणा दी।
कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए कॉलेज की प्राचार्या प्रोफेसर प्रीति खन्ना ने महाविद्यालय के विभिन्न विभागों एवं उनमें संचालित विषयों के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि महाविद्यालय से शिक्षा प्राप्त कर अनेक विद्यार्थी देश और दुनिया में अपनी पहचान बना रहे हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को संदेश दिया कि “विद्या, विनय से प्राप्त होती है”, इसलिए विनय को अपने जीवन का आभूषण बनाएं।
नवप्रवेशित विद्यार्थियों का किया स्वागत

बीए प्रथम सेमेस्टर प्रवेश समिति के समन्वयक प्रोफेसर आर.के. यादव ने स्वागत वक्तव्य प्रस्तुत करते हुए नवप्रवेशित विद्यार्थियों का अभिनंदन किया तथा प्रवेश समिति द्वारा किए गए कार्यों की जानकारी दी।
बीएड विभाग के प्रोफेसर एस.के. जोशी ने वर्धमान कॉलेज एवं गुरु जंभेश्वर विश्वविद्यालय की विशेषताओं, महाविद्यालय के गठन और संचालन पर प्रकाश डाला।
NCC, NSS और खेल गतिविधियों की दी जानकारी
महाविद्यालय के चीफ प्रॉक्टर प्रोफेसर जे.के. विश्वकर्मा ने विद्यार्थियों को महाविद्यालय के विभिन्न नियमों और अनुशासन की जानकारी दी। उन्होंने एनसीसी में प्रवेश की प्रक्रिया तथा खेल विभाग की गतिविधियों एवं उपलब्धियों से भी विद्यार्थियों को अवगत कराया।
एनएसएस तृतीय यूनिट के कार्यक्रम अधिकारी डॉ. मौ. साबिर ने राष्ट्रीय सेवा योजना की गतिविधियों और उसके उद्देश्यों की जानकारी दी। वहीं रोवर्स की कार्यक्रम अधिकारी डॉ. चेतना शाक्य ने रोवर्स-रेंजर्स में प्रवेश प्रक्रिया तथा विद्यार्थियों को मिलने वाले लाभ बताए।
सांस्कृतिक समिति की जानकारी देते हुए डॉ. दुर्गा जैन ने विद्यार्थियों को महाविद्यालय में आयोजित होने वाली विभिन्न सांस्कृतिक गतिविधियों में भाग लेने के लिए प्रेरित किया।
विश्वविद्यालय टॉपर उर्वशी को किया सम्मानित
एमए इतिहास में विश्वविद्यालय में प्रथम स्थान प्राप्त करने वाली छात्रा उर्वशी ने अपने शैक्षणिक अनुभव नवप्रवेशित विद्यार्थियों के साथ साझा किए। इस अवसर पर प्राचार्या प्रोफेसर प्रीति खन्ना ने छात्रा को सम्मानित किया।
अध्यापक शिक्षा संकाय की संकायाध्यक्ष प्रोफेसर पद्मश्री ने विद्यार्थियों को कर्म के प्रति सजग रहने की प्रेरणा दी। कला संकाय के संकायाध्यक्ष एवं अंग्रेजी विभागाध्यक्ष प्रोफेसर एस.के. अग्रवाल ने अध्ययन में निरंतरता के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि आज किया गया परिश्रम ही भविष्य का परिणाम तय करता है। प्रथम सत्र का सफल संचालन डॉ. रेशु शर्मा ने किया।
दूसरे सत्र में विज्ञान, वाणिज्य और कंप्यूटर के विद्यार्थियों का मार्गदर्शन

दीक्षारंभ कार्यक्रम के इस सत्र में B.Sc., M.Sc., B.Com., M.Com. एवं B.Sc. CS के नवप्रवेशित विद्यार्थियों ने भाग लिया ।
इस कार्यक्रम के द्वितीय सत्र में B.Sc./M.Sc. प्रथम सेमेस्टर, B.Com./M.Com. प्रथम सेमेस्टर तथा B.Sc. CS के नवप्रवेशित विद्यार्थियों को महाविद्यालय की शैक्षणिक प्रणाली, अनुशासन और विभिन्न गतिविधियों की जानकारी दी गई।
कार्यक्रम का सामान्य स्वागत वक्तव्य डॉ. कुलदीप कुमार ने प्रस्तुत किया। B.Sc. बायो ग्रुप प्रथम सेमेस्टर प्रवेश समिति के संयोजक प्रोफेसर नीरज कुमार ने विद्यार्थियों का स्वागत करते हुए प्रवेश प्रक्रिया से संबंधित आवश्यक जानकारी दी।
NEP और महाविद्यालय की विशेषताओं पर चर्चा
डॉ. देवेन्द्र कुमार गंगवार ने वर्धमान कॉलेज एवं विश्वविद्यालय के इतिहास और विशेषताओं पर प्रकाश डाला। डॉ. धर्मेन्द्र यादव ने राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) के विभिन्न पहलुओं तथा विद्यार्थियों को मिलने वाले लाभों की जानकारी दी।
चीफ प्रॉक्टर प्रोफेसर जे.के. विश्वकर्मा ने अनुशासन, एनसीसी और खेल विभाग की गतिविधियों से विद्यार्थियों को परिचित कराया। डॉ. अनूप के. गुप्ता ने NSS तथा डॉ. आयुष बघेल ने रोवर्स-रेंजर्स की गतिविधियों और प्रवेश प्रक्रिया की जानकारी दी।
सांस्कृतिक समिति की ओर से डॉ. दिव्या जैन ने विद्यार्थियों को विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों में भाग लेने के लिए प्रेरित किया।
विश्वविद्यालय टॉपर अक्षी लांबा ने साझा किए अनुभव
M.Sc. फिजिक्स में विश्वविद्यालय में प्रथम स्थान प्राप्त करने वाली छात्रा अक्षी लांबा ने अपने अनुभव साझा करते हुए नवप्रवेशित विद्यार्थियों का उत्साहवर्धन किया।
वाणिज्य संकाय के डॉ. नितेश गुप्ता एवं विज्ञान संकाय के श्री टी.एन. सूर्या ने विद्यार्थियों को निरंतर अध्ययन और लक्ष्य के प्रति समर्पित रहने का संदेश दिया।
अनुशासन और लगन से शिक्षा ग्रहण करने का संदेश
कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहीं प्राचार्या प्रोफेसर प्रीति खन्ना ने नवप्रवेशित विद्यार्थियों को उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं देते हुए अनुशासन, मेहनत और लगन के साथ शिक्षा ग्रहण करने का संदेश दिया।
द्वितीय सत्र का समापन राष्ट्रगान के साथ गरिमामय वातावरण में हुआ। कार्यक्रम का सफल संचालन डॉ. कुलदीप कुमार ने किया।
वर्धमान कॉलेज के दीक्षारंभ का उद्देश्य केवल स्वागत नहीं, बल्कि विद्यार्थियों को महाविद्यालय की शैक्षणिक संस्कृति, अनुशासन और उपलब्ध अवसरों से परिचित कराकर उनके उज्ज्वल भविष्य की मजबूत नींव तैयार करना रहा।


