
बिजनौर, गोवर्धन मीडिया। कलक्ट्रेट स्थित महात्मा विदुर सभागार में मंगलवार को जिलाधिकारी जसजीत कौर ने आईजीआरएस से संबंधित कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने शिकायतों के निस्तारण में गंभीरता और गुणवत्ता पर जोर दिया। उन्होंने निर्देशित किया कि शिकायतों के निस्तारण को पूर्ण गंभीरता और गुणवत्ता के साथ पूरा करें। जिलाधिकारी ने कहा कि उसी शिकायत के निस्तारण को निस्तारित माना जाएगा, जिस पर जिलाधिकारी की संतुष्टि प्राप्त हो। मौके पर जांच करने से पहले शिकायतकर्ता और दूसरा पक्ष यानि जिनके विरुद्ध शिकायत की गई, दोनों पक्षों को सूचित करें, उसके बाद ही जांच प्रक्रिया को पूरा करें। उन्होंने निर्देश दिये कि यदि शिकायत का प्रकरण कोर्ट में विचाराधीन हो तो शिकायतकर्ता को उसके बारे में संज्ञानित करते हुए निस्तारण न होने का स्पष्ट कारण बताएं और उनकी संतुष्टि भी प्राप्त कर लें।डीएम द्वारा इन कार्यों में किसी भी तरह की लापरवाही संज्ञानित होने पर संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई। बैठक में ई डिस्ट्रिक्ट मैनेजर विकास यादव ने उपस्थित सभी अधिकारियों को आईजीआरएस पोर्टल पर शिकायतों के निस्तारण के सम्बंध में विस्तृत जानकारी उपलब्ध कराई। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी पूर्ण बोरा, अपर जिलाधिकारी न्यायिक आंशिक दीक्षित, मुख्य चिकित्साधिकारी कौशलेंद्र सिंह, जिला अर्थ एवं संख्या अधिकारी लक्ष्मी देवी/ धर्मवीर सिंह, अधिशासी अभियंता पीडब्ल्यूडी लोक निर्माण विभाग विद्युत विभाग सहित सभी संबंधित अधिकारी मौजूद थे।